ख़िदमतुल मुस्लिमीन ए हिंद के नियम और काम...?


दोस्तों, 
   किसी भी एनजीओ मैं रजिस्ट्रेशन केवल कागज़ों पर होने से समाज ओर कौम का काम पूरा नहीं हो जाता, इसका संचालन सुचारू रूप से भी ज़मीन पर होना चाहिए तभी समाज और आपको इसका लाभ दिखेगा, एक एनजीओ चलाने के लिए सबसे बड़ी चीज होती है इंसान की सोच यदि आपकी सोच बड़ी ओर पाक साफ़ है और आप लोगो के साथ मिलकर काम कर सकते हैं, आप क़ौम के किसी परेशान की मदद कर सकते हैं तो आप अपने ज़िले मैं संगठन जरूर चला सकेंगे, पूरे भारत मैं करीब 30 लाख एनजीओ रजिस्टर हैं, कितने ज़मीन पर काम करते हैं ये सब आप समझ सकते हैं.

बहुत से इस्लामिक संगठन (एनजीओ) भी देश मैं मौजूद हैं, मगर मुस्लिमों की असल ज़रूरत पर आज तक काम कहीं दिखाई नहीं दिया, इसीलिए *ख़िदमतुल मुस्लिमीन ए हिंद* की बुनियाद बहुत ही सोच समझकर रखी गई है, हमको मुल्क के कौने कौने, हर शहर कस्बे और गांव मैं ज़मीन पर आपके साथ मिलकर कई ज़रूरी मुद्दों पर काम करना है, इसलिए आपको *ख़िदमतुल मुस्लिमीन ए हिंद* मिलकर काम करने की दावत दे रहा है.

*ख़िदमतुल मुस्लिमीन ए हिंद* की नज़र मैं क़ौम की अहम ज़रूरत है, बेरोजगारी, भुखमरी और दीनी और दुनिंयावी तालीम दोनों को निशुल्क और आसान करना.

क़ौम के बीच सच्चर कमेटी की सिफारिशों को लागू कराने के लिए काम करना, क़ौम के बीच से एक मज़बूत रहबर चुनना.

वोट डालने को अधिकार और फ़ायदे क़ौम के हर छोटे बड़े तक बिना किसी राजनैतिक पार्टी से लगाव के क़ौम तक पहुंचाना.

कमज़ोर और ग़रीब लोगों को लिए लघु-उधोग कायम करना, क़ौम को काम से लिए जवाब देय बनाना.

क़ौम को अहसास ए कमतरी से बाहर लाने के लिए काम करना.

सरकारी योजनाओं का लाभ ज़रूरतमंदों को दिलाना. 

ग़ैर कानूनी तरीके से जेल मैं बंद बे-गुनाह लोगों की मदद कर उनको वकील दिलाकर जेल से बाहर लाना.
 
ऊंची शिक्षा के लिए पूरी मदद और जागरूक करना. 

मुहब्बत और भाईचारे के साथ कैसे रहा जाये उसके लिए बनाई योजना पर काम कराना आदि.

नियम व शर्तें इस प्रकार हैं...?

संगठन आपको वेतन और अवैतनिक दोनों ही तरहां से काम करने को लिए दावत देता है.

संगठन के बताये रास्ते पर आपको काम करना होगा.

अपने शहर मैं अधिक से अधिक लोगों तक आपको पहुंच बनानी होगी.

अपने साथ क़ौम के सामने वाले का भी सम्मान करने के साथ ऊंच-नीच की भावनाओं को दिल से निकालकर, मिलकर काम करना.

हर शहर मैं दो वेतनिक सदस्य बनाये जायेंगे, संगठन के वेतनिक सदस्यों से सौंपे गये काम को पूरी लग्न और ईमानदारी से कराना.

अपने शहर मैं एक मज़बूत कमेटी का गठन आपको करना होगा, जिसकी रिपोर्ट दस दिन के अंदर राष्ट्रीय कार्यालय को लिखित मैं देनी होगी.

सरकारी योजनाओं का लाभ आपको नि-स्वार्थ हक़दारों को दिलाना होगा.

भिखारी प्रथा को क़ौम से जड़ से ख़त्म कर नबी (सअव) के बताये रास्ते पर चलकर उनको रोज़गार से जोड़ना होगा.

अगर आप इन नियम कानून की सहमति के *ख़ितमतुल मुस्लिमीन ए हिंद* के साथ काम करना चाहते हैं तब आपका स्वागत है.

संपर्क करें- +919808123436 वहाटसऐप पर.

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